बड़ा भंगाल में इतिहास रचने पहुंचे CM सुक्खू: रात्रि प्रवास करने वाले पहले मुख्यमंत्री बने; महिलाओं को ₹1500 पेंशन सहित की 6 बड़ी घोषणाएं
2011 के बाद किसी मुख्यमंत्री का पहला दौरा; 24 घंटे बिजली के लिए लगेंगे जनरेटर, राजमाह पर मिलेगा समर्थन मूल्य और भेड़ पालकों से सरकार खरीदेगी मीट।

VIDYA SAGAR
बड़ा भंगाल (कांगड़ा), 27 जून:
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने आज जिला कांगड़ा के सबसे दुर्गम और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों वाले क्षेत्र ‘बड़ा भंगाल’ का ऐतिहासिक दौरा किया। श्री सुक्खू प्रदेश के इतिहास के पहले ऐसे मुख्यमंत्री बन गए हैं, जो न केवल इस अति-पिछड़े क्षेत्र में पहुंचे बल्कि यहां के स्थानीय लोगों के बीच रात्रि प्रवास (Night Stay) भी कर रहे हैं। वर्ष 2011 के बाद यह पहली बार है जब प्रदेश के किसी मुख्यमंत्री ने इस सुदूर क्षेत्र का रुख किया है। मुख्यमंत्री ने आपदा से हुए नुकसान का जायजा लिया और स्थानीय लोगों की समस्याओं को बेहद करीब से सुना।
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मुख्यमंत्री की 6 ऐतिहासिक और बड़ी घोषणाएं:
अति दुर्गम क्षेत्र के निवासियों का जीवन सुगम बनाने के लिए मुख्यमंत्री ने संवाद के दौरान एक के बाद एक कई बड़े ऐलावान किए:
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1. महिलाओं को ₹1500 प्रति माह: बड़ा भंगाल की सभी पात्र महिलाओं को ‘इंदिरा गांधी प्यारी बहना सुख सम्मान निधि योजना’ के तहत हर महीने 1,500 रुपये की वित्तीय सहायता देने की घोषणा की गई।
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2. 24 घंटे निर्बाध बिजली: इस दुर्गम क्षेत्र में बिजली की किल्लत को हमेशा के लिए समाप्त करने के लिए 24 घंटे विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने हेतु विशेष जनरेटर सेट स्थापित किए जाएंगे।
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3. बच्चों की पढ़ाई के लिए इंसेंटिव व नोडल स्कूल: बड़ा भंगाल के स्कूली बच्चों को उच्च शिक्षा जारी रखने के लिए विशेष प्रोत्साहन राशि (Incentive) दी जाएगी। साथ ही, नजदीकी क्षेत्रों (जैसे बीड़) के स्कूलों को ‘नोडल स्कूल’ के रूप में विकसित किया जाएगा ताकि यहाँ के बच्चे वहाँ रहकर बेहतर शिक्षा पा सकें।
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4. इको-टूरिज्म हब के रूप में विकास: बड़ा भंगाल की अद्भुत प्राकृतिक सुंदरता को देखते हुए इसे ‘इको टूरिज्म गंतव्य’ (Eco-Tourism Destination) के रूप में विकसित करने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को इसकी विस्तृत कार्य योजना जल्द तैयार करने को कहा गया है।
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5. राजमाह पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP): इस क्षेत्र में पारंपरिक और प्राकृतिक रूप से उगाई जाने वाली प्रसिद्ध ‘राजमाह’ की फसल पर राज्य सरकार न्यूनतम समर्थन मूल्य प्रदान करेगी। इसके लिए कृषि विभाग को स्थानीय लोगों को प्राकृतिक खेती से जोड़ने के निर्देश दिए गए हैं।
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6. भेड़ पालकों से मीट की खरीद: भेड़ पालकों की आर्थिकी को मजबूत करने के लिए मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि प्रदेश सरकार खुद उनसे उचित और लाभकारी मूल्य पर मीट की खरीद करेगी।
कठिन परिस्थितियों को करीब से जाना: मुख्यमंत्री
स्थानीय लोगों को आश्वस्त करते हुए मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने कहा:-
“बड़ा भंगाल के लोग आज भी बेहद कठिन परिस्थितियों में जीवन यापन कर रहे हैं। इस क्षेत्र का विकास और यहाँ के नागरिकों को मुख्यधारा से जोड़ना हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सरकार आपकी हर समस्या के समाधान के लिए पूरी मजबूती के साथ आपके द्वार पर खड़ी है।”
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इस ऐतिहासिक और भावुक कर देने वाले दौरे के दौरान स्थानीय विधायक किशोरी लाल भी मुख्यमंत्री के साथ विशेष रूप से उपस्थित रहे और क्षेत्र की मांगों को मुख्यमंत्री के समक्ष रखा।



