हिमाचल प्रदेश में औद्योगिक क्रांति: मुख्यमंत्री सुक्खू ने पेश किया निवेश का महा-रोडमैप
जल्द लागू होगी नई औद्योगिक नीति, उद्योगों को मिलेगी सस्ती बिजली; पंजाब के साथ होगा 3 साल का बिजली समझौता (PPA)

VIDYA SAGAR
शिमला, 19 जुलाई, 2026

हिमाचल प्रदेश को देश का अग्रणी औद्योगिक राज्य और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने निवेशकों के लिए प्रदेश के द्वार पूरी तरह खोल दिए हैं। मुख्यमंत्री ने शनिवार देर सायं चंडीगढ़ में ‘द इंडस एंटरप्रेन्योर्स’ (TiE) द्वारा आयोजित ‘चंडीगढ़ लीडरशिप कॉन्क्लेव एवं 23वीं वार्षिक आम बैठक’ की अध्यक्षता की। इस मंच से देश भर के बड़े उद्यमियों और निवेशकों को संबोधित करते हुए उन्होंने हिमाचल प्रदेश को निवेश की दृष्टि से देश का सर्वोत्तम और सबसे सुरक्षित गंतव्य बताया।
1. नई औद्योगिक नीति और बेहद सस्ती बिजली का वादा
मुख्यमंत्री ने निवेशकों को आकर्षित करने के लिए बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि राज्य सरकार बहुत जल्द एक नई औद्योगिक नीति लागू करने जा रही है। इस नीति के तहत उद्योगों को चौबीसों घंटे बिना किसी रुकावट के (निर्बाध) बिजली की आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी और औद्योगिक बिजली दरों को बेहद कम और किफायती रखा जाएगा। वस्तु एवं सेवा कर (GST) लागू होने के बाद राज्य के राजस्व में आई भारी गिरावट का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि भौगोलिक परिस्थितियों के अनुसार प्रदेश की नीतियों में ऐतिहासिक और निवेश-अनुकूल बदलाव किए जा रहे हैं।

2. पंजाब हमारा ‘बड़ा भाई’, 3 साल के लिए होगा बिजली समझौता
हिमाचल प्रदेश को ‘पावर सरप्लस’ (अधिशेष बिजली) राज्य के रूप में रेखांकित करते हुए मुख्यमंत्री ने पड़ोसी राज्य पंजाब को हिमाचल का ‘बड़ा भाई’ बताया। उन्होंने घोषणा की कि पंजाब की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने और आपसी संबंधों को अधिक सुदृढ़ करने के लिए दोनों राज्यों के बीच तीन वर्षों का पावर परचेज एग्रीमेंट (PPA) हस्ताक्षरित किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त, चंडीगढ़ में हिमाचल के 7.19 प्रतिशत हिस्से को प्राप्त करने के लिए भी लगातार सकारात्मक बातचीत जारी है।
3. हरित ऊर्जा (Green Energy) और आईटी क्षेत्र में भारी निवेश के अवसर
हिमाचल प्रदेश को पर्यावरण-अनुकूल औद्योगिक मॉडल के रूप में पेश करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा:
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ग्रीन एनर्जी: प्रदेश ग्रीन हाइड्रोजन के उत्पादन में देश का अग्रणी राज्य बनने की ओर तेजी से कदम बढ़ा रहा है। पूरे राज्य में बायोचार संयंत्र स्थापित किए जा रहे हैं और किन्नौर जिले में जियोथर्मल ऊर्जा परियोजना पहले ही स्थापित की जा चुकी है।
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आईटी पार्क व डेटा स्टोरेज: आईटी क्षेत्र के विस्तार के लिए सोलन जिले के कंडाघाट में एक विश्वस्तरीय आईटी पार्क विकसित किया जा रहा है, साथ ही डेटा स्टोरेज बुनियादी ढांचे पर भी काम जारी है।
4. कनेक्टिविटी में क्रांतिकारी सुधार: रेल और हवाई सेवाओं का विस्तार
उद्योगों और पर्यटन को सीधा लाभ पहुंचाने के लिए बुनियादी ढांचे को मजबूत किया जा रहा है:
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बद्दी-नालागढ़ रेल लाइन: चंडीगढ़ से बद्दी तक बन रही इस महत्वपूर्ण रेल लाइन की भूमि अधिग्रहण और निर्माण लागत का 50 प्रतिशत खर्च राज्य सरकार खुद उठा रही है। आगामी 3 वर्षों में यह प्रोजेक्ट पूरा हो जाएगा, जिससे बद्दी और नालागढ़ के उद्योगों को बहुत बड़ा लॉजिस्टिक्स सपोर्ट मिलेगा।
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कांगड़ा हवाई अड्डा विस्तार और हेलीपोर्ट्स: पर्यटन और निवेश को बढ़ावा देने के लिए कांगड़ा हवाई अड्डे का विस्तार किया जा रहा है। इसके साथ ही, भविष्य में सभी जिला मुख्यालयों को जोड़ने के लिए नए हेलीपोर्ट्स का निर्माण तेजी से चल रहा है।

5. “मानसून में भी पूरी तरह सुरक्षित है हिमाचल, बिना डर के आएं पर्यटक”
ग्लोबल वार्मिंग के कारण आ रही प्राकृतिक आपदाओं पर बात करते हुए मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि बादल फटने और आपदा की घटनाएं केवल हिमाचल तक सीमित नहीं हैं। उन्होंने पर्यटकों को आश्वस्त किया कि मानसून के दौरान भी हिमाचल पूरी तरह सुरक्षित है, क्योंकि इस मौसम में भी राज्य में लगभग 75 लाख लोग सामान्य जीवन जी रहे हैं। उन्होंने पर्यटकों से केवल मौसम के अनुसार नदी-नालों से उचित दूरी बनाए रखने की अपील की और कहा कि वे बिना किसी डर के देवभूमि की यात्रा करें।
6. ग्रामीण अर्थव्यवस्था और स्वास्थ्य पर्यटन (Health Tourism) सर्वोच्च प्राथमिकता
मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि वर्तमान कांग्रेस सरकार हिमाचल को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में काम कर रही है, जिसमें ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करना शामिल है। राज्य सरकार ने स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन और आईटी क्षेत्र को अपनी सर्वोच्च प्राथमिकता में रखा है। मेडिकल कॉलेजों में व्यापक सुधार किए जा रहे हैं और आने वाले समय में राज्य में ‘स्वास्थ्य पर्यटन’ (Health Tourism) को भी बड़े पैमाने पर बढ़ावा देने के लिए प्रभावी कदम उठाए जाएंगे।

इस प्रतिष्ठित अवसर पर उपस्थिति:
इस कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम के अध्यक्ष आर.एस. बाली, विधायक सुरेश कुमार एवं सुन्दर सिंह ठाकुर, हिमाचल पथ परिवहन निगम (HRTC) के उपाध्यक्ष अजय वर्मा, पूर्व विधायक सतपाल रायजादा, कांग्रेस नेता पवन ठाकुर, डिजिटल टेक्नोलॉजी एवं गवर्नेंस के निदेशक डॉ. निपुण जिंदल, TiE चंडीगढ़ के अध्यक्ष पुनीत वर्मा सहित उद्योग जगत के कई नामी प्रतिनिधि और उद्यमी उपस्थित थे।



