हिमाचल सरकार शिक्षा क्षेत्र में प्रतिबद्ध: गुणवत्ता रैंकिंग में 21वें से 5वें स्थान पर पहुंचा प्रदेश, मुख्यमंत्री का दावा
पूर्व मंत्री राम लाल ठाकुर ने नैना देवी जी और जुखाला कॉलेज में संकाय बहाली पर मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू का जताया आभार

VIDYA SAGAR
शिमला, 30 जून 2026
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हिमाचल प्रदेश की वर्तमान राज्य सरकार प्रदेश के युवाओं को उनके घर-द्वार के निकट उच्च और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध करवाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। शिक्षा क्षेत्र को सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल किया गया है, जिसके सकारात्मक परिणाम अब धरातल पर दिखने लगे हैं। यह बात मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने शिमला में आयोजित एक शिष्टाचार भेंट के दौरान कही।
नैना देवी और जुखाला महाविद्यालयों में संकायों की बहाली
प्रदेश के पूर्व मंत्री एवं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राम लाल ठाकुर ने आज शिमला में मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू से विशेष भेंट की। इस मुलाकात के दौरान राम लाल ठाकुर ने जिला बिलासपुर के राजकीय महाविद्यालय नैना देवी जी में वाणिज्य संकाय (Commerce Faculty) तथा राजकीय महाविद्यालय जुखाला में विज्ञान एवं वाणिज्य संकायों (Science & Commerce Faculties) को बहाल करने के लिए मुख्यमंत्री का विशेष रूप से आभार व्यक्त किया।
राम लाल ठाकुर ने कहा:-
“इन महत्वपूर्ण संकायों की बहाली से क्षेत्र के ग्रामीण व स्थानीय विद्यार्थियों को अपने घर के निकट ही विज्ञान और वाणिज्य जैसे विषयों में उच्च शिक्षा प्राप्त करने की बेहतरीन सुविधा मिलेगी। इससे विशेषकर छात्राओं को आगे बढ़ने के सुनहरे अवसर मिलेंगे, जिन्हें पहले उच्च शिक्षा के लिए दूरदराज के क्षेत्रों में जाना पड़ता था।”

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शिक्षा रैंकिंग में हिमाचल प्रदेश ने लगाई लंबी छलांग
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने शिक्षा के क्षेत्र में राज्य सरकार की प्राथमिकताओं को रेखांकित किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान सरकार के व्यावहारिक, नीतिगत और दूरदर्शी प्रयासों के परिणामस्वरूप ही आज हिमाचल प्रदेश गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के मामले में देश भर में 21वें स्थान से उठकर सीधे पांचवें (5वें) स्थान पर पहुंच गया है।
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मुख्यमंत्री ने पूर्व सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पूर्व भाजपा सरकार के कार्यकाल के दौरान राज्य में शिक्षा के स्तर में भारी गिरावट आई थी, जिसके कारण प्रदेश की राष्ट्रीय रैंकिंग फिसलकर 21वें स्थान पर पहुंच गई थी। लेकिन वर्तमान सरकार ने सत्ता संभालते ही शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए कड़े और सुधारात्मक कदम उठाए हैं, ताकि हिमाचल का हर युवा वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धा कर सके।



