यूपी में सियासी पारा हाई: अखिलेश यादव का भाजपा सरकार पर बड़ा हमला, बोले– “अगले चुनाव में जनता सिखाएगी सबक”
सपा प्रमुख ने बिजली संकट, फर्जी एनकाउंटर और चरमराती कानून व्यवस्था को लेकर घेरा; कहा– 'जनता में भारी आक्रोश, चुनाव में भुगतना पड़ेगा खामियाजा'।

28/05/2026-VIDYA SAGAR
लखनऊ (उत्तर प्रदेश): उत्तर प्रदेश की राजनीति में एक बार फिर जुबानी तीर तेज हो गए हैं। समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने प्रदेश की वर्तमान भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए तीखा हमला बोला है। अखिलेश यादव ने राज्य में गहराते बिजली संकट, कथित फर्जी एनकाउंटर और कानून व्यवस्था की बदहाली को लेकर सरकार को आड़े हाथों लिया और दावा किया कि सूबे की जनता मौजूदा शासन से पूरी तरह त्रस्त हो चुकी है।
‘जनता अंधेरे में, सरकार खामोश’: बिजली संकट पर घेरा
अखिलेश यादव ने प्रदेश में अघोषित बिजली कटौती और बढ़ते बिजली संकट पर गहरा रोष व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि चिलचिलाती गर्मी और उमस के बीच जनता बूंद-बूंद पानी और बिजली के लिए तरस रही है, लेकिन सरकार आंखें मूंदकर बैठी है। सपा प्रमुख के अनुसार, बुनियादी सुविधाएं देने में नाकाम रही भाजपा सरकार के खिलाफ आम जनता के भीतर भारी आक्रोश पनप रहा है।
कानून व्यवस्था और फर्जी एनकाउंटर पर उठाए गंभीर सवाल
प्रदेश की कानून व्यवस्था पर निशाना साधते हुए अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि राज्य में अपराधी बेखौफ हैं और आम नागरिक खुद को असुरक्षित महसूस कर रहा है। उन्होंने ‘फर्जी एनकाउंटर’ के मुद्दे को उठाते हुए कहा कि न्याय के नाम पर अन्याय को कतई बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। कानून की धज्जियां उड़ाकर शासन नहीं चलाया जा सकता और जनता इन तमाम ज्यादतियों को करीब से देख रही है।
“अगले चुनाव में धूल चटाएगी जनता”
राजनीतिक हलकों में हलचल मचाने वाले अपने इस बयान में अखिलेश यादव ने आगामी चुनावों को लेकर बड़ा दावा किया। उन्होंने कार्यकर्ताओं और जनता का आह्वान करते हुए कहा:-
“अगले चुनाव में उत्तर प्रदेश की जागरूक जनता भाजपा को धूल चटाकर हमेशा के लिए सबक सिखाएगी। सत्ता के अहंकार में डूबी इस सरकार को अपनी जनविरोधी नीतियों की कीमत चुकानी ही होगी।”
बयान के बाद सियासी गलियारों में मंचा हड़कंप
अखिलेश यादव के इस तीखे बयान के बाद उत्तर प्रदेश की राजनीति का केंद्र बिंदु एक बार फिर बदल गया है। समाजवादी पार्टी जहां इस आक्रामक रुख के जरिए जमीन पर पैठ मजबूत करने में जुट गई है, वहीं भाजपा खेमे में भी इस पर पलटवार की तैयारियां तेज हो गई हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले दिनों में विपक्ष बिजली और कानून व्यवस्था के मुद्दे पर सरकार को और अधिक आक्रामक ढंग से घेरने की रणनीति बना रहा है।



