स्वास्थ्य सेवाओं को हाई-टेक बनाएगी हिमाचल सरकार: मुख्यमंत्री ने स्वास्थ्य विभाग के शीर्ष अधिकारियों के साथ की समीक्षा बैठक
13/05/2026-VIDYA SAGAR
शिमला, हिमाचल प्रदेश — मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने कल शाम हिमाचल प्रदेश सचिवालय में स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़, आधुनिक और जन-केंद्रित बनाना था।
आधुनिक तकनीक और बेहतर सुविधाओं पर जोर
मुख्यमंत्री ने बैठक के दौरान विभाग को निर्देश दिए कि प्रदेश के दूरदराज के क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं की पहुंच को आसान बनाया जाए। उन्होंने स्वास्थ्य संस्थानों में रिक्त पदों को भरने, आधुनिक चिकित्सा उपकरणों की उपलब्धता और विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे में सुधार की समीक्षा की।
बैठक के प्रमुख एजेंडे:
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डिजिटल हेल्थ मिशन: स्वास्थ्य सेवाओं के डिजिटलीकरण की प्रगति का जायजा लिया गया।
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अस्पताल प्रबंधन: सरकारी अस्पतालों में मरीजों के प्रतीक्षा समय (Waiting Time) को कम करने के लिए प्रभावी तंत्र विकसित करने पर चर्चा।
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नई योजनाएं: प्रदेश में शुरू की जाने वाली नई स्वास्थ्य पहलों और उनके वित्तीय प्रावधानों पर विचार।
मुख्यमंत्री का विजन: ‘स्वस्थ हिमाचल, समृद्ध हिमाचल’
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि स्वास्थ्य विभाग को नवाचार (Innovation) अपनाना चाहिए ताकि हिमाचल स्वास्थ्य मानकों में देश का अग्रणी राज्य बन सके। उन्होंने विशेष रूप से ‘रोबोटिक सर्जरी’ और ‘टेली-मेडिसिन’ जैसी आधुनिक सुविधाओं को राज्य के मेडिकल कॉलेजों में विस्तार देने की संभावनाओं पर बल दिया।
“हमारा लक्ष्य है कि हिमाचल के किसी भी नागरिक को इलाज के लिए राज्य से बाहर न जाना पड़े। स्वास्थ्य सुविधाओं में गुणवत्ता और संवेदनशीलता हमारी प्राथमिकता होनी चाहिए।” — ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू, मुख्यमंत्री
कार्यप्रणाली में पारदर्शिता और जवाबदेही
बैठक में स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने विभाग की वर्तमान गतिविधियों और भविष्य की योजनाओं पर विस्तृत प्रस्तुति दी। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य सेवाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी परियोजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाना चाहिए।
इस बैठक में स्वास्थ्य मंत्री के साथ-साथ मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव और स्वास्थ्य विभाग के निदेशक भी उपस्थित रहे।



