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शिमला के ओक ओवर में सीएम सुक्खू से मिले यूटीमैको/आईटीजिनी कंपनी के प्रतिनिधि; डिजास्टर मैनेजमेंट सॉफ्टवेयर का दिया प्रस्तुतिकरण

हिमाचल में प्राकृतिक आपदाओं से निपटने के लिए आधुनिक तकनीक का सहारा; मुख्यमंत्री ने सॉफ्टवेयर की बारीकियों को परखा।

VIDYA SAGAR

शिमला, 11 जुलाई 2026:

हिमाचल प्रदेश को प्राकृतिक आपदाओं से सुरक्षित रखने और राहत एवं बचाव कार्यों में आधुनिक तकनीक का समावेश करने की दिशा में आज एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। देश की आर्थिक राजधानी मुंबई (बॉम्बे) से आए यूटीमैको/आईटीजिनी (Utimaco/ITJINI) कंपनी के एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने आज शिमला में मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू से उनके सरकारी आवास ‘ओक ओवर’ में शिष्टाचार भेंट की।

इस मुलाकात के दौरान कंपनी के प्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री के समक्ष अपनी कंपनी द्वारा विशेष रूप से विकसित किए गए अत्याधुनिक डिजास्टर मैनेजमेंट सॉफ्टवेयर (Disaster Management Software) की मुख्य विशेषताओं और कार्यप्रणाली का एक विस्तृत प्रदर्शन (शोकेस) प्रस्तुत किया।



आपदा प्रबंधन को मिलेगी डिजिटल मजबूती

हिमाचल प्रदेश की भौगोलिक स्थिति को देखते हुए, यहाँ भूस्खलन, फ्लैश फ्लड (अचानक बाढ़) और बादल फटने जैसी प्राकृतिक आपदाओं का खतरा हमेशा बना रहता है। ऐसे में यह एडवांस सॉफ्टवेयर आपातकालीन स्थितियों में त्वरित प्रतिक्रिया (Emergency Response), राहत सामग्री के कुशल प्रबंधन और वास्तविक समय (Real-time) की निगरानी में बेहद कारगर साबित हो सकता है।

प्रस्तुतिकरण के दौरान विशेषज्ञों ने दिखाया कि कैसे यह सॉफ्टवेयर विभिन्न विभागों के बीच संचार को सुगम बना सकता है और संकट के समय जोखिम को कम करने में मदद कर सकता है। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने सॉफ्टवेयर की तकनीकी क्षमताओं में गहरी रुचि दिखाई और इसके विभिन्न पहलुओं की सराहना की।



बैठक में ये रहे मौजूद

इस महत्वपूर्ण तकनीकी प्रदर्शन के अवसर पर नगर परिषद हमीरपुर के पूर्व पार्षद डॉ. हर्ष कालिया भी विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने भी स्थानीय प्रशासनिक अनुभवों के आधार पर इस सॉफ्टवेयर की उपयोगिता को लेकर अपने विचार साझा किए।

राज्य सरकार के सूत्रों के अनुसार, इस प्रकार की डिजिटल और स्वचालित तकनीकों को अपनाने से आपदा के समय कम से कम समय में प्रभावी कदम उठाने में मदद मिलेगी, जिससे जान-माल के नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकेगा।

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