आयकर दिवस पर शिमला में संगोष्ठी: “स्वस्थ जीवनशैली और कार्य-जीवन संतुलन” पर हुआ मंथन
मुख्य आयकर आयुक्त कार्यालय में हुआ विशेष आयोजन; प्रसिद्ध चिकित्सक डॉ. शिखा शर्मा ने कर्मचारियों को दिए सेहतमंद रहने के व्यावहारिक टिप्स

VIDYA SAGAR-02/08/2026
शिमला। आयकर दिवस के विशेष अवसर पर मुख्य आयकर आयुक्त, शिमला कार्यालय द्वारा अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए “स्वस्थ जीवनशैली एवं कार्य-जीवन संतुलन” (Work-Life Balance) विषय पर एक विशेष संगोष्ठी का आयोजन किया गया।
इस संगोष्ठी का मुख्य उद्देश्य विभागीय कर्मचारियों को दैनिक जीवन में स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना और काम के तनाव के बीच बेहतर संतुलन बनाने के तरीके समझाना था।
स्वस्थ जीवनशैली और सकारात्मकता पर जोर
संगोष्ठी में प्रसिद्ध चिकित्सक डॉ. शिखा शर्मा (एम.डी.) ने मुख्य वक्ता के रूप में शिरकत की। अपने संबोधन में उन्होंने दैनिक जीवन में स्वस्थ जीवनशैली अपनाने, संतुलित आहार, नियमित व्यायाम तथा मानसिक स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखने पर बल दिया।
“एक स्वस्थ कर्मचारी ही अपने व्यावसायिक और व्यक्तिगत जीवन में बेहतर संतुलन बना सकता है। जब कोई व्यक्ति शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ होता है, तो वह अपने कर्तव्यों का निर्वहन अधिक दक्षता, ऊर्जा और सकारात्मकता के साथ करने में सक्षम होता है।”
— डॉ. शिखा शर्मा (एम.डी.)
संगोष्ठी के दौरान प्रश्नोत्तर सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने अपनी जीवनशैली व स्वास्थ्य से जुड़ी विभिन्न शंकाओं और चुनौतियों पर सवाल पूछे। डॉ. शर्मा ने सभी प्रश्नों के अत्यंत व्यावहारिक व उपयोगी समाधान साझा किए।
राष्ट्र निर्माण में आयकर विभाग की भूमिका
आयोजन के दौरान विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने सभी सहकर्मियों को आयकर दिवस की बधाई दी। उन्होंने राष्ट्र निर्माण और देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करने में आयकर विभाग के योगदान को रेखांकित किया। अधिकारियों ने जनसेवा में उत्कृष्टता और जनहित के प्रति विभाग की अटूट प्रतिबद्धता को दोहराया।
निष्कर्ष
मुख्य आयकर आयुक्त, शिमला कार्यालय द्वारा की गई यह पहल न केवल कर्मचारियों के स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने वाली साबित हुई, बल्कि विभाग के भीतर एक सकारात्मक और ऊर्जावान कार्य संस्कृति को बढ़ावा देने की दिशा में भी एक सार्थक कदम रही।




