हवाण गांव में विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल की बैठक, धर्मांतरण के मुद्दे पर जताया विरोध
ईसाई मिशनरियों पर धन प्रलोभन देकर धर्मांतरण कराने के आरोप, गांववासियों ने सर्वसम्मति से पारित किया प्रस्ताव

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बिलासपुर, हिमाचल प्रदेश। 14/June/2026
बिलासपुर जिले के हवाण गांव में विश्व हिंदू परिषद (विहिप) और बजरंग दल द्वारा एक बड़ी बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में क्षेत्र के विभिन्न गांवों के लोगों सहित संगठन के कई पदाधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में मुख्य रूप से क्षेत्र में कथित धर्मांतरण गतिविधियों को लेकर चर्चा की गई और इनका विरोध जताया गया।

बैठक में विश्व हिंदू परिषद के प्रांत महामंत्री तुषार डोगरा, विभाग मंत्री कैप्टन विजयपाल, जिला सह मंत्री विशाल नड्डा, संजीव ढिल्लों, बजरंग दल जिला संयोजक सूर्या चंदेल तथा झंडुता प्रखंड संयोजक विशाल चंदेल सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।
बैठक के दौरान वक्ताओं ने आरोप लगाया कि हवाण क्षेत्र में ईसाई मिशनरियों द्वारा गरीब, दिहाड़ी मजदूर एवं आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को धन का प्रलोभन देकर धर्मांतरण के लिए प्रेरित किया जा रहा है। इस पर उपस्थित ग्रामीणों ने चिंता व्यक्त करते हुए ऐसी गतिविधियों का विरोध किया।

बैठक में उपस्थित गांववासियों ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित करते हुए कहा कि वे अपने क्षेत्र में किसी भी प्रकार की समाज विरोधी एवं धर्म विरोधी गतिविधियों को स्वीकार नहीं करेंगे तथा ऐसे प्रयासों का विरोध करेंगे।
इसी दौरान क्षेत्र में संगठनात्मक गतिविधियों को मजबूत करने के उद्देश्य से कंदरोर प्रखंड में विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल एवं मातृशक्ति की नई टोलियों का गठन भी किया गया। विश्व हिंदू परिषद के प्रखंड संयोजक के रूप में रामनाथ सिंह, सहसंयोजक रतनलाल तथा उपाध्यक्ष के रूप में जगदीश चंद्र को जिम्मेदारी सौंपी गई।
मातृशक्ति टोली में रजनी देवी को संयोजक तथा शकुंतला देवी एवं सुनीता देवी को सहसंयोजक नियुक्त किया गया। वहीं बजरंग दल के संयोजक नवदीप ठाकुर, सहसंयोजक संदीप और रविंद्र बनाए गए। गौ रक्षा प्रमुख के रूप में संदीप शर्मा को जिम्मेदारी दी गई, जबकि अंकित और विशाल वर्मा को सहसंयोजक नियुक्त किया गया।
बैठक के अंत में सभी नव नियुक्त पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को उनके दायित्व सौंपे गए। साथ ही जुलाई माह में आयोजित होने वाले दुर्गा वाहिनी और बजरंग दल के प्रशिक्षण वर्गों के लिए कार्यकर्ताओं की सूची भी तैयार की गई।
नोट: चूंकि धर्मांतरण संबंधी आरोप एक पक्ष द्वारा लगाए गए हैं, इसलिए प्रकाशित समाचार में इन्हें आरोप के रूप में ही प्रस्तुत करना पत्रकारिता की दृष्टि से उपयुक्त रहेगा।
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